भीलवाड़ा। तहसील क्षेत्र के गुंडली गांव में तेंदुए के दिखने और पकड़े जाने की सूचना मिलते ही वन विभाग की रेस्क्यू टीम मौके पर पहुंची। टीम ने तेंदुए का सुरक्षित रेस्क्यू कर राजकीय पशु चिकित्सालय पहुंचाया, जहां प्राथमिक उपचार कराया गया। इसके बाद पशु को रेंज कार्यालय परिसर में निगरानी में रखा गया।
कोटा चिड़ियाघर की विशेषज्ञ पशु चिकित्सकीय टीम से परामर्श लेकर आवश्यक दवा और उपचार दिए गए। विभाग के अनुसार वाइटल पैरामीटर्स में सुधार हुआ है और तेंदुए की स्थिति फिलहाल स्थिर बताई गई है। आगे भी विशेषज्ञों की निगरानी में परीक्षण व उपचार जारी रहेगा।
जिला उपवन संरक्षक मारिया शाइन ने ग्रामीणों से अपील की है कि वन्यजीव दिखने पर पास न जाएं, घेरें नहीं और स्वयं पकड़ने का प्रयास न करें। तुरंत वन विभाग को सूचित करें। वायरल वीडियो साझा न करने तथा सहायता के लिए 24×7 हेल्पलाइन 1926 पर संपर्क करने की सलाह दी गई।