भीलवाड़ा। बड़े बीसीसीआई प्रायोजन की चर्चा के बीच जिला खिलाड़ी पूछते हैं—नेट और पिच कब सुधरेंगे? कोचिंग अकादमियों ने प्रकाश व्यवस्था और सुरक्षा की माँग की है।
नगर निगम और जिला प्रशासन के समन्वय से सार्वजनिक मैदान का रखरखाव संभव है। प्रायोजक सीएसआर को स्थानीय सुविधा से जोड़ सकते हैं।
लड़कियों की क्रिकेट भागीदारी बढ़ाने हेतु अलग स्लॉट और उपकरण जरूरी हैं। अभिभावक समर्थन निर्णायक भूमिका निभाता है।
डेस्क सुविधा ऑडिट का अद्यतन माँगेगा। आंकड़ों से अधिक मैदान की हालत सच बताती है।
युवा भविष्य तभी सुरक्षित है जब शहर की चमक गाँव और वार्ड के मैदान तक पहुँचे।
— भीलवाड़ा केसरी डेस्क