जहाजपुर। अध्यक्ष नामांकन को लेकर स्थानीय असंतोष चर्चा में रहा। आपत्ति का सही मंच प्रशासनिक या कानूनी मार्ग है, सड़क पर तनाव नहीं।
प्रशासन ने नियम पालन का दावा किया, जबकि प्रदर्शनकारियों ने प्रतिनिधित्व और पारदर्शिता की माँग की। पुलिस ने शांति बनाए रखने की अपील की। अप्रत्यक्ष चुनाव में सदस्यों के मत निर्णायक होंगे।
व्यापारियों ने रोजी-रोटी के मद्देनजर शांति की माँग की। उत्तेजक भाषा अस्वीकार्य है। भीलवाड़ा केसरी केवल सत्यापित बयान ही छापेगा।
अफवाहों से दूर रहें और नोटिस बोर्ड पर लगी आधिकारिक सूचना देखें। संवाद शिविर गलतफहमियाँ समय रहते दूर कर सकते हैं।
शांतिपूर्ण लोकतंत्र ही कस्बे के विकास का आधार है—यह संदेश जहाजपुर के लिए भी उतना ही प्रासंगिक है जितना जिले के अन्य निकायों के लिए।
— भीलवाड़ा केसरी डेस्क